मंत्री पद पर रारः अजित के बाद शिंदे गुट भी बिफरा

महाराष्ट्र में एकनाथ शिंदे की अगुवाई वाली शिवसेना भी मोदी कैबिनेट में जगह नहीं मिलने से नाराज हो गई है। कैबिनेट मंत्री नहीं बनाए जाने से अजित पवार गुट की एनसीपी पहले से ही नाराज है।

मंत्री पद पर रारः अजित के बाद शिंदे गुट भी बिफरा

महाराष्ट्र में एकनाथ शिंदे की अगुवाई वाली शिवसेना भी मोदी कैबिनेट में जगह नहीं मिलने से नाराज हो गई है। कैबिनेट मंत्री नहीं बनाए जाने से अजित पवार गुट की एनसीपी पहले से ही नाराज है। अब एकनाथ शिंदे गुट की शिवसेना के चीफ व्हीप श्रीरंग बारणे का कहना है कि एक तरफ जहां, चिराग पासवान, जीतन राम मांझी और एचडी कुमारस्वामी की पार्टी को कम सीट मिलने के बाद भी कैबिनेट मंत्रालय दिया गया है, वहां उनकी पार्टी के सात सांसद होने के बावजूद सिर्फ स्वतंत्र प्रभार के साथ राज्यमंत्री का ही पद दिया गया।

श्रीरंग बारणे ने कहा, हम कैबिनेट में जगह की उम्मीद कर रहे थे। चिराग पासवान के पांच सांसद, मांझी के एक सांसद और जेडीएस के दो सांसद हैं, फिर भी उन्हें एक कैबिनेट मंत्रालय मिला है तो 7 लोकसभा सीटें जीतने के बावजूद शिवसेना को सिर्फ एक राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) क्यों मिला। चीफ व्हिप ने कहा, हमारी शिवसेना के स्ट्राइक रेट को देखते हुए हमें कैबिनेट मंत्री पद दिया जाना चाहिए था। 

एनसीपी अजित गुट ने भी कबीना मंत्री पद नहीं मिलने पर अपनी नाराजगी जाहिर की थी। पार्टी नेता प्रफुल्ल पटेल का कहना था कि कल रात (शपथग्रहण से पहले) हमें बताया गया कि हमारी पार्टी को स्वतंत्र प्रभार वाला एक राज्यमंत्री मिलेगा। मैं पहले केंद्र सरकार में कैबिनेट मंत्री था, इसलिए यह मेरे लिए एक डिमोशन होता। हमने भाजपा नेतृत्व को सूचित कर दिया है और उन्होंने हमें कहा है कि बस कुछ दिन इंतजार करें, वे सुधारात्मक उपाय करेंगे।

ज्ञात हो कि लोकसभा चुनाव 2024 में महाराष्ट्र में भाजपा ने शिंदे गुट की शिवसेना और अजित गुट की एनसीपी के साथ मिलकर चुनाव लड़ा था।  बीजेपी ने 23 सीटों पर चुनाव लड़ा और 9 सीटें जीतीं, अजित गुट की पार्टी एनसीपी ने तीन सीटों पर चुनाव लड़ा और एक सीट जीती, जबकि शिंदे गुट की शिवसेना ने 19 सीटों पर चुनाव लड़ा और सात सीटें जीतीं हैं।